जोगिन्दर नगर में सीपीआई(एम) ने सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ किया प्रदर्शन

0
74

Himachal VOICE ब्यूरो, जोगिंदर नगर। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी व हिमाचल किसान सभा द्वारा जोगिन्दर नगर में पिछले 10 दिनों से जन मुद्दों पर छेड़े गये जन अभियान के अंतिम चरण में कल सैंकड़ों किसानों ने बी डी ओ कार्यालय पर जोरदार प्रदर्शन करने के बाद आज 26 अगस्त को जोगिन्दर नगर में भी प्रभावी जलूस निकालकर एसडीएम कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। 

चौंतड़ा में हुए प्रदर्शन का नेतृत्व कुशाल भारद्वाज, रविन्द्र कुमार, केहर सिंह वर्मा, महेन्द्र सिंह, राम सिंह , विनोद कुमार, अजय कुमार, रंगीलू राम, सोनू,  सुरेन्द्र कुमार व पूर्ण चंद ने किया वहीं जोगिन्दर नगर में कुशाल भारद्वाज, संजय जमवाल, बुधि सिंह, संजय कुमार, अशोक के नेतृत्व में प्रदर्शन किया गया। किसान सभा की तरफ से चौंतड़ा में बीडीओ को तथा माकपा की तरफ से जोगिन्दर नगर में एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन दिया गया।

इस अवसर पर माकपा राज्य सचिवालय सदस्य एवं मंडी जिला सचिव कुशाल भारद्वाज ने कहा कि माकपा व किसान सभा ने जोगिन्दर नगर में 9 अगस्त से ही जन मुद्दों पर व्यापक अभियान शुरू कर दिया था। विभिन्न गांवों में स्थानीय समस्याओं को लेकर व जनता की मांगों पर माकपा व किसान सभा ने सोशल डिस्टेन्सिंग का ध्यान रखते हुए तथा मास्क लगाने व सामाजिक दूरी बनाए रखने की जरूरी हिदायतों का पालन करते हुए जन मुद्दों पर अभियान चलाया।

उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी के चलते लॉकडाउन के बाद से ही लोगों को कई मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है तथा भारी आर्थिक तंगी से जूझना पड़ रहा है। अतः ऐसे सभी परिवारों को जो आयकर दाता की श्रेणी में नहीं आते हैं, को कम से कम 6 महीने तक हर महीने 7500/- रूपये उनके बैंक खातों कैश ट्रान्सफर कर परिवार का जरूरी खर्च चलाने के लिए सहायता दी जाये।

जिन भी परिवारों को राशन की जरूरत है उन्हे अगले 6 महीने तक हर महीने प्रति व्यक्ति 10 किलो राशन मुफ्त में दिया जाये।

हाल ही में की गई बस किराया वृद्धि व बिजली दरों में वृद्धि को वापस लेकर जनता को राहत दी जाये। अनुदान वहाल करो।

मनरेगा में काम मांगने वालों को तुरंत काम दिया जाये तथा साल में 200 दिन का काम दिया जाये और दिहाड़ी 600 रू॰ दी जाए। जो लोग रोजगार छिन जाने के कारण अपने घरों को वापस लौटे हैं को भी मनरेगा में बराबर काम दिया जाये। मनरेगा कानून को शहरी क्षेत्रों में भी लागू किया जाये। सभी बेरोजगारों को काम दिया जाये तथा काम न मिलने तक बेरोजगारी भत्ता दिया जाये।

सार्वजनिक शिक्षा को मजबूत किया जाये तथा शिक्षा के व्यापारिकरण व सांप्रदायिकरण को रोकने के लिए कदम उठाए जाएँ। कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए प्रदेश में प्रभावी कदम उठाए जाएँ। स्वास्थ्य जांच और टेस्टों की संख्या बढ़ाई जाये। अस्पतालों में सभी रिक्त पदों को भरा जाये।

एपीएल परिवारों को पहले की तरह डिपुओं से राशन दिया जाये तथा राशन सामग्री की कीमतों में की गई बढ़ोतरी वापस ली जाये।

कुशाल भारद्वाज ने कहा कि बस किराया वृद्धि व बिजली दरों में की गई वृद्धि वापस ली जाए। देश के पैमाने पर श्रम क़ानूनों को बदलने की मुहिम को रोका जाये तथा सभी श्रम क़ानूनों का सख्ती से पालन करवाया जाये। प्रदेश में निजी क्षेत्र में काम करने वाले सभी कर्मियों व मजदूरों को लॉकडाउन की अवधि का वेतन दिलवाया जाये। प्रदेश में स्कैब की रोकथाम के लिए दवाइयाँ उपलब्ध कारवाई जाएँ तथा सेब सीजन के लिए मजदूर उपलब्ध करवाए जाएँ।

जोगिंदरनगर में समुचित मात्रा  में बसों व स्टाफ सहित एचआरटीसी का डिपो व वर्कशॉप जल्दी खोले जाएँ।

जोगिंदर नगर उपमण्डल में खस्ताहाल सड़कों की हालत सुधारी जाये तथा पीने के पानी की समस्या का स्थायी समाधान किया जाये। जंगली जानवरों व आवारा पशुओं से किसानों की फसलों को बचाने के लिए ठोस उपाय किए जाएँ।अस्पतालों व शिक्षण संस्थानों में सभी रिक्त पदों को तुरंत भरा जाये।

लॉकडाउन, आँधी-तूफान व ओलावृष्टि, भारी बारिश, भूमि कटाव व लहासे गिरने के कारण खेती-किसानी को हुए नुकसान का किसानों को उचित मुआवजा दिया जाये। लघु एवं सीमांत किसानों की 5 बीघा तक भूमि को नियमित की आए और किसानों को पट्टे जारी किए जाएँ।

चौंतड़ा में रविन्दर कुमार व केहर सिंह वर्मा तथा जोगिन्दर नगर में संजय जमवाल ने भी प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार ने मांगें नहीं मानी तो आंदोलन को ज्यादा तेज व व्यापक किया जाएगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here